
रंग बरसे दरबार मैया जी तेरे रंग बरसे
रंग बरसे, रंग बरसे दरबार मैया जी तेरे रंग बरसे ।
उचेया पहाडा दिया ठंडिया हवावा,
सुरगा नु जांदिया ने मंदिरा चो राहवा ।
भागता दा करदी उद्धार, मैया जी तेरे रंग बरसे ॥
उचेया पहाडा विच भक्ता दी टोली,
रेहमता दे बैठी ए द्वार दाती खोली ।
मांग के ता देख इक वार, मैया जी तेरे रंग बरसे ॥
उचेया पहाडा विच बदला दे टुकड़े,
जेहडा वि सुनावे दाती सुनदी है दुखड़े ।
कटदी कलेश हजार, मैया जी तेरे रंग बरसे ॥
उचेया पहाडा विच फुल रंग रंग दे,
दें वाली इक है ते लख्खां लोकी मंगदे ।
फेर वी ना मुकदे भण्डार, मैया जी तेरे रंग बरसे ॥
मेरे हृदय का बाग खिला नाकोड़ा दरबार मिला लिरिक्स
सारे जग में मैय्या सा दरबार नहीं मैय्या जैसा कोई लिरिक्स
- ਮਾਂ ਚਿੰਤਾਪੂਰਨੀ ਨਾਲ ਮੇਰੇ ਫਿਰ ਮੈਨੂੰ ਚਿੰਤਾ ਕਿਸ ਗੱਲ ਦੀ
- चंदन दी पालकी लिरिक्स | Chandan Di Palki – Roshan Prince
- पा भंगड़े पा भंगड़े आज मैया मेरे नाल पा भंगड़े
- मायें नी मेरी वार क्यों लाइयाँ ने देरियाँ लिरिक्स
- माँ चिंतापुरनी नाल मेरे फिर मैनु चिंता किस गल दी