
नाचे छमा छम काली ये मइयां नाचे छमा छम काली रे
नाचे छमा छम काली ये मइयां
नाचे छमा छम काली रे,
पिये लहू की प्याली जे मइयां
पिये लह की प्याली रे,
लट बिखराये कारी कारी
काली मइयां ले किलकारी,
चले समर महारानी ये मैया
चले समर महारानी रे,
पिये लहू की प्याली ये मइयां…..
रण भूमि में जा ललकारी
भागे असुर जो था बलकारी,
रूप धरे विकराली ये मड्यां
रूप धरे विकराली,
पिये लहू की प्याली ये मइयां
खड़ा त्रिशूल हाथ में ढाला
महा प्रलय की बन गई ज्वाला,
हाथो में धरे कपाली रे
हाथो में धरे कपाली रे,
पिये लहू की प्याली ये मइयां…..
सब देवो की विपता मिटाई
ये सेहनाज तेरे दर पे आई,
दया करो सबपे जगदमबा
सदा रहे खुशहाली रे,
पिये लहू की प्याली ये मइयां…..
मेरे हृदय का बाग खिला नाकोड़ा दरबार मिला लिरिक्स
सारे जग में मैय्या सा दरबार नहीं मैय्या जैसा कोई लिरिक्स
- जाईं वे कबूतरा जाईं वे लिरिक्स – नरेंद्र चंचल
- रुत झोलियां भरण दी आई लिरिक्स
- जग जननी पहाड़ों वाली माँ लिरिक्स – नरेंद्र चंचल
- सारी सारी रात जगराते में जोत जगी लिरिक्स
- बड़ी लीला सुनी तेरे भवनों की लिरिक्स