तीसरा अध्याय माघ महात्म्य
तीसरा अध्याय माघ महात्म्यराजा ने कहा- हे ब्राह्मण! भृगु ऋषि ने मणि पर्वत पर विद्याधरों को क्या उपदेश दिया था ? उन सबको जानने की मेरी बड़ी इच्छा है, सो कृपा कर मुझे सुनाये। वशिष्ठ जी बोले- हे राजन् ! एक समय बारह वर्ष तक वर्षा न होने से व सूखा के कारण प्रजा त्राहि-त्राहि … Read more