ये बंधन तो प्यार का बंधन है जन्मों का संगम है लिरिक्स
ये बंधन तो प्यार का बंधन है जन्मों का संगम है सूरज कब दूर गगन से, चंदा कब दूर किरण से खुशबू कब दूर पवन से, कब दूर बहार चमन से ये बंधन तो प्यार का बंधन है, जन्मों का संगम है ममता के मंदिर की है तू सबसे प्यारी मूरतभगवान नज़र आता है जब … Read more