रुत झोलियां भरण दी आई लिरिक्स
रुत झोलियां भरण दी आईहो रुत झोलियां भरण दी आई-2कि मईया ने भण्डार खोलया-2 सुन भग्ता उहदे दर ते थोड़ कोई न-2कि मंगने दी लोड़ कोई न-2सुन भग्ताहोई ए दयाल मेरी माँ कि करदे सबनू नैहाल मेरी माँ-2 जय हो जय हो जय होतेरा भवन है जग तो निराला-2निराली तेरी शान अम्बिके-2 सुन अमिएंहो करो … Read more