
एक बार माँ आ जाओ फिर आके चली जाना
एक बार माँ आ जाओ फिर आके चली जाना,
हमें दर्श दिखाओ दिखला के चली जाना,
तुम को मेरे गीतों का संगीत भुलाये माँ,
कुछ मेरी भी सुन जाओ कुछ अपनी सुना जाना,
एक बार माँ आ जाओ…
क्या मेरी तड़पने का एहसास नहीं तुमको,
किस बात पे रूठी हो इतना तो बात जाना,
एक बार माँ आ जाओ….
अखियां मेरी रोती माँ इन्हें धीर बंधा जाओ,
मझधार में है नैया इसे पार लगा जाना,
एक बार माँ आ जाओ…….
जब जब भी भुलाऊ माँ दौड़ा चला आउ मैं,
अगर राह भटक जाऊ रास्ता तो दिखा जाना,
एक बार माँ आ जाओ…..
साधु साध्वी चल रहे है विहार यात्रा में रोड पर
हाथ कस के पकड़ ले मेरा सांवरे मै छुड़ाना भी चाहूँ लिरिक्स
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